शब्द सांचा, पींड काचा। राजगुरु का बचन जुग जुग साचा। शनि, कालसर्प, मंगलदोष, पितृदोष एक झटके में खत्म, बस शर्त ये हैं ऊँ ह्रीं श्रीं चामुण्डा सिंहवाहिनी बीसहस्ती भगवती रत्नमण्डित सोनन की माल । साधना के समय जल का लोटा अपने पास रखें। ❤ इसे और लोगो (मित्रो/परिवार) के साथ https://penaiad108emt5.blogolenta.com/profile